अगर तुम दर्द की कीमत समझते अगर तुम जानते कि दर्द क्या होता है तो तुम कभी भी दर्द नहीं देते इतना बेतहाशा दर्द कि अगर जान भी निकल जाए तो कम है लेकिन तुम कहां समझोगे तुम कैसे जानोगे भला? तुम तो अपनी खुशी में खुश होना अपनी दुनिया में खुश, एक बात याद रखना तड़पती हुई आत्मा की आह निकलती है तो वह सात समुंदर पार जाती है सारे आसमानों को चीर के रख देती है, तू अपनी आवाद दुनिया में खुश है ना, देखना तेरी दुनिया आवाद नहीं रहेगी ....
मुस्कुराना
कितना अच्छा लगता है सुबह सुबह सूरज का निकलना पंछियों का चहकना फूलों का खिलना और रोशनी का बिखर जाना रात के अंधेरे को मिटाते हुए जब रोशनी होती है तो मन खुशी से प्रफुल्लित होता है बहुत अच्छा लगता है मुझे दुनिया को रोशनी में देखना मुझे नहीं पसंद अंधेरा नहीं पसंद मुझे मुरझाना नहीं पसंद मुझे रोशनी का कम हो जाना लेकिन सुनो इस सब से भी ज्यादा अच्छा लगता है मुझे तुम्हारा मुस्कुराना तुम्हारा मुझ से बतियाना....... सीमा असीम 3, 10, 20
Comments
Post a Comment