अगर तुम दर्द की कीमत समझते अगर तुम जानते कि दर्द क्या होता है तो तुम कभी भी दर्द नहीं देते इतना बेतहाशा दर्द कि अगर जान भी निकल जाए तो कम है लेकिन तुम कहां समझोगे तुम कैसे जानोगे भला? तुम तो अपनी खुशी में खुश होना अपनी दुनिया में खुश, एक बात याद रखना तड़पती हुई आत्मा की आह निकलती है तो वह सात समुंदर पार जाती है सारे आसमानों को चीर के रख देती है, तू अपनी आवाद दुनिया में खुश है ना, देखना तेरी दुनिया आवाद नहीं रहेगी ....
चांद को देखना एक तक देखते जाना घटते बढ़ते और 16 कलाओं से परिपूर्ण होते जाना कितना सरल है ना चांद को देखना चांद की पवित्र चांदी में नहाई धरती पर अपनी परछाई को पकड़ने की कोशिश करना छोटी बड़ी आड़ी तिरछी लंबी नाटी परछाई को पकड़ कर अपने गले से लगाने की कोशिश करना सरल है ना परछाई को नापना इतना ही सरल तो है बस तुम्हें पढ़ना और सिलसिलेवार लिखते चले जाना चाँद का आसमां में मुस्कुराना सीमा असीम 23,2,21
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