पहाड़
पहाड़ बड़े कोमल होते हैं इन से बहती है प्रेम धाराएं ग्लेशियर के रूप में दूर से लगते हैं निष्ठुर कठोर करीब से जाकर देखो तो समझ आते हैं बडे गुणकारी होते हैं फूल फल और औषधियों से भरे यह हरे भरे पहाड़ उन्नत मस्तिष्क उठाए खड़े हुए अटल अडिग मेरे प्रिय पहाड़... सीमा असीम